देहरादून। उत्तराखंड के ग्रामीण क्षेत्रों में तैयार होने वाले स्थानीय उत्पादों को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने वाला अंब्रेला ब्रांड ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ अपनी शुरुआत के बाद से अब तक करीब ₹6 करोड़ का शानदार कारोबार कर चुका है। राज्य की ग्रामीण महिलाओं की कड़ी मेहनत से तैयार इस ब्रांड ने स्थानीय आर्थिकी को एक मजबूत कारोबारी मॉडल में बदल दिया है, जिससे पर्वतीय क्षेत्रों के विकास को एक नई गति मिल रही है।
इस महत्वाकांक्षी ब्रांड की शुरुआत को राष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी पहचान तब मिली, जब दिसंबर 2023 में देहरादून में आयोजित ‘उत्तराखंड ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट’ के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वयं इसका भव्य विमोचन किया था। प्रधानमंत्री मोदी ने इस अनूठी पहल को ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘लोकल फॉर ग्लोबल’ की अवधारणा को जमीन पर उतारने वाला एक बेहतरीन प्रयास करार दिया था।
इस ब्रांड के तहत उत्तराखंड की अनूठी स्थानीय संस्कृति और पहचान से जुड़े उत्पादों को आधुनिक पैकेजिंग, उच्च गुणवत्ता और एकीकृत ब्रांडिंग के साथ बाजार में उतारा गया है। वर्तमान समय में 60 विशिष्ट उत्पादों सहित कुल 83 बेहतरीन उत्पादों को इस अंब्रेला ब्रांड के दायरे में शामिल किया गया है, जो उपभोक्ताओं के बीच लगातार लोकप्रिय हो रहे हैं।
हाउस ऑफ हिमालयाज के पोर्टफोलियो में पहाड़ी दालें, पारंपरिक अनाज, शुद्ध मसाले, प्राकृतिक शहद, तेल, हर्बल और पर्सनल केयर उत्पादों के साथ-साथ शानदार हस्तशिल्प श्रेणियां भी शामिल हैं। इसके अलावा, आधिकारिक ब्रांड वेबसाइट पर मिलेट्स, चावल, तेल-घी, बेकरी और अन्य स्थानीय उत्पाद भी ग्राहकों के लिए उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे खरीदारों को एक ही मंच पर तमाम वैरायटी मिल जाती है।
इस पूरे प्रोजेक्ट का सबसे अहम और संवेदनशील पक्ष इसका महिला-केंद्रित आजीविका मॉडल है, जो पर्वतीय महिलाओं को आर्थिक रूप से संबल बना रहा है। राज्य के 55 क्लस्टर लेवल फेडरेशन से जुड़ी लगभग 5,500 प्रत्यक्ष महिला लाभार्थी इस ब्रांड की विभिन्न आर्थिक गतिविधियों से सीधे तौर पर जुड़ी हुई हैं। इसका सीधा मतलब यह है कि पहाड़ों में तैयार होने वाले उत्पादों को सही बाजार मिलने के साथ-साथ उसकी कमाई का लाभ सीधे ग्रामीण महिलाओं के खातों तक पहुंच रहा है।
अब हाउस ऑफ हिमालयाज की पहुंच केवल स्थानीय बाजारों या पहाड़ी कस्बों तक ही सीमित नहीं रह गई है, बल्कि इसका विस्तार देश-दुनिया के डिजिटल पटल पर हो चुका है। उपभोक्ता अब इन उत्पादों को देश के बड़े ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म जैसे कि Amazon और Flipkart के माध्यम से आसानी से ऑनलाइन खरीद सकते हैं।
इसके अलावा, शहरी ग्राहकों की सहूलियत के लिए क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स जैसे Blinkit, Swiggy Instamart और BigBasket पर भी हाउस ऑफ हिमालयाज के उत्पाद सुलभ कराए गए हैं। ब्रांड की अपनी समर्पित D2C वेबसाइट के जरिए देश के किसी भी कोने से सीधे खरीदारी करने की सुविधा उपभोक्ताओं को दी जा रही है।
इतना ही नहीं, यह ब्रांड अब डिजिटल सीमाओं को लांघकर अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक भी अपनी मजबूत पैठ बना चुका है। अमेरिका और कनाडा जैसे देशों में रहने वाले ग्राहक Amazon Global के जरिए इन पहाड़ी उत्पादों को आसानी से मंगा रहे हैं, जिससे वैश्विक स्तर पर उत्तराखंड के उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह ब्रांड राज्य के स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘लोकल से ग्लोबल’ के विजन के अनुरूप प्रदेश की मातृशक्ति, मेहनतकश किसानों और ग्रामीण उद्यमियों के उत्पादों को वैश्विक बाजार मुहैया कराया जा रहा है।
मुख्यमंत्री धामी ने आगे स्पष्ट किया कि सरकार का मुख्य लक्ष्य यही है कि उत्तराखंड के दूरदराज गांवों में तैयार होने वाले शुद्ध उत्पादों को दुनिया भर का बाजार मिले। इससे न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि महिला स्वयं सहायता समूहों और छोटे उत्पादकों के जीवन स्तर में भी सकारात्मक और स्थायी बदलाव आएगा।

