हरिद्वार। मुंबई स्थित एक फिल्म एकेडमी में सिनेमैटोग्राफी का कोर्स करने गई हरिद्वार की एक युवती ने एकेडमी के संचालक पर नशीला पदार्थ खिलाकर दुष्कर्म करने, आपत्तिजनक फोटो-वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने और उसकी पत्नी पर धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता की लिखित शिकायत के आधार पर हरिद्वार की नगर कोतवाली पुलिस ने आरोपी संचालक संजीव मोहापात्रा और उसकी पत्नी रश्मि रेखा मोहापात्रा के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
सीओ सिटी शिशुपाल सिंह नेगी ने आधिकारिक जानकारी देते हुए बताया कि मामला मुंबई के कार्यक्षेत्र से संबंधित होने के कारण हरिद्वार पुलिस ने जीरो एफआईआर दर्ज की है। इसके बाद मामले की आगे की कानूनी जांच और कार्रवाई के लिए एफआईआर की प्रति संबंधित मुंबई थाना पुलिस को भेज दी गई है।
पुलिस में दर्ज कराई गई तहरीर के अनुसार, हरिद्वार निवासी युवती ने अप्रैल 2018 में मुंबई स्थित मुंबई डिजिटल फिल्म्स एकेडमी में एक वर्षीय सिनेमैटोग्राफी डिप्लोमा कोर्स में दाखिला लिया था। इस कोर्स में प्रवेश के लिए उसने एकेडमी के संचालक संजीव मोहापात्रा और उनकी पत्नी रश्मि रेखा मोहापात्रा को डेढ़ लाख रुपये फीस के रूप में दिए थे।
पीड़िता का आरोप है कि कोर्स के दौरान उसके बेहतर प्रदर्शन को देखते हुए संचालक संजीव मोहापात्रा ने उससे नजदीकियां बढ़ानी शुरू कर दी थीं। एक दिन शूटिंग का बहाना बनाकर संजीव उसे अपने साथ ले गया, जहां खाना खाने के बाद वह अचानक बेसुध हो गई। आरोप है कि इसी दौरान संजीव ने उसके साथ दुष्कर्म किया और उसके फोटो व वीडियो बना लिए।
तहरीर में आगे बताया गया है कि इन्हीं आपत्तिजनक फोटो और वीडियो के आधार पर आरोपी उसे लगातार ब्लैकमेल करता रहा और बार-बार दुष्कर्म की वारदात को अंजाम देता रहा। पीड़िता का यह भी आरोप है कि जब उसने संचालक की पत्नी रश्मि रेखा मोहापात्रा से शिकायत की, तो उसने भी अपने पति का ही साथ दिया और युवती को जान से मारने की धमकियां दीं।
आरोप है कि जब पीड़िता ने हरिद्वार वापस लौटने के लिए अपनी दी हुई फीस वापस मांगी, तो आरोपियों ने उसके साथ गाली-गलौज की और मारपीट की। इसके साथ ही आरोपियों ने युवती से उल्टे 21 लाख रुपये की मांग की और रकम न देने पर पीड़िता व उसके पूरे परिवार को बर्बाद करने की धमकी दी।
आरोपियों के उत्पीड़न और लगातार मिल रही धमकियों से परेशान होकर पीड़िता कुछ समय पहले मुंबई छोड़कर अपने घर हरिद्वार लौट आई थी। हरिद्वार पहुंचकर उसने आपबीती अपने परिजनों को बताई, जिसके बाद परिजनों के साथ नगर कोतवाली पहुंचकर पुलिस में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई।
हरिद्वार पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तत्परता से जीरो FIR दर्ज कर ली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि चुकी घटना स्थल मुंबई का है, इसलिए सभी साक्ष्य और संबंधित दस्तावेज मुंबई पुलिस को हस्तांतरित कर दिए गए हैं, जो आगे की दंडात्मक कार्रवाई करेगी।

