देहरादून। देहरादून स्थित राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद और जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों में अब अलग कैडर के तहत शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। SCERT की निदेशक वंदना गर्ब्याल ने बताया कि इस नई व्यवस्था के लिए कार्मिक और वित्त विभाग की ओर से जरूरी मंजूरी मिल चुकी है। अब इस प्रस्ताव को अंतिम स्वीकृति के लिए जल्द ही प्रदेश कैबिनेट के समक्ष पेश किया जाएगा।
वर्तमान व्यवस्था के तहत राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद और डाइट में माध्यमिक शिक्षा विभाग से ही शिक्षकों की तैनाती की जाती रही है। जबकि माध्यमिक शिक्षा में खुद शिक्षकों की भारी कमी बनी हुई है और चार हजार से अधिक पदों पर अतिथि शिक्षक तैनात हैं। इस समस्या को दूर करने के लिए SCERT और डाइट के लिए अलग-अलग कैडर बनाने का निर्णय लिया गया है और इसके लिए तैयार ड्राफ्ट को अंतिम रूप दे दिया गया है।
अब तक इन संस्थानों में माध्यमिक शिक्षा विभाग से तबादला पाकर ही शिक्षक और अधिकारी आते थे। लेकिन नया कैडर बनने के बाद यहां शिक्षकों की अलग से भर्ती की जाएगी, जिसके लिए नई नियमावली तैयार होगी। SCERT निदेशक वंदना गर्ब्याल ने स्पष्ट किया कि शासन को प्रस्ताव भेज दिया गया है और पहले आई आपत्तियों का निपटारा कर लिया गया है।
प्रस्तावित ढांचे के तहत SCERT में असिस्टेंट प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर, प्रोफेसर, अपर निदेशक और निदेशक के पद होंगे। वहीं, डाइट में प्रवक्ता, उप प्राचार्य और प्राचार्य के पद शामिल किए जाएंगे। डाइट में पूरी तरह अकादमिक संवर्ग और SCERT में अधिकारियों के पद प्रशासनिक संवर्ग के अंतर्गत रखे जाएंगे।
इस बीच, राजकीय शिक्षक संघ उत्तराखंड ने नए ढांचे में अकादमिक और प्रशासनिक भूमिकाएं पूरी तरह स्पष्ट करने की मांग उठाई है। संघ के अध्यक्ष विनय थपलियाल ने कहा कि SCERT और डाइट को केवल प्रशासनिक नियंत्रण के बजाय शोध, नवाचार और शिक्षक प्रशिक्षण के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित किया जाना चाहिए।
संघ ने मांग की है कि अकादमिक कर्मियों की नियुक्ति, सेवा-शर्तों और पदोन्नति की पारदर्शी व्यवस्था बनाई जाए। इसके साथ ही मूलभूत साक्षरता, शिक्षा प्रौद्योगिकी, समावेशी शिक्षा और शोध जैसे प्रभागों पर ध्यान देने की बात कही है। संघ ने आग्रह किया है कि भविष्य में किसी कानूनी विवाद से बचने के लिए संबंधित सेवा नियमों की गहराई से समीक्षा की जाए और नई व्यवस्था को राष्ट्रीय व्यावसायिक मानक से समन्वित किया जाए।

