देहरादून। उत्तराखंड परिवहन विभाग ने सड़क हादसों पर प्रभावी रूप से अंकुश लगाने के लिए एक बेहद अनूठी और सराहनीय पहल की शुरुआत की है। इसके तहत चारधाम यात्रा मार्ग और लगातार दुर्घटना संभावित क्षेत्रों यानी ब्लैक स्पॉट्स पर अब वाहनों के चालकों और परिचालकों की ‘ऑन द स्पॉट’ यानी मौके पर ही स्वास्थ्य जांच की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग के विशेष सहयोग से चलाए जा रहे इस नए अभियान की शुरुआत सबसे पहले टिहरी जिले से की गई है। इस विशेष अभियान के अंतर्गत सड़क पर चलती गाड़ियों के चालकों को रोककर उनकी सेहत का तत्काल हाल जाना जा रहा है।
मौके पर मौजूद चिकित्सा टीम तुरंत चालकों और परिचालकों का नेत्र परीक्षण, शुगर और ब्लड प्रेशर की जरूरी जांच कर रही है। इसके साथ ही, यात्रियों की सुरक्षा के मद्देनजर चालकों की मानसिक स्थिति और फिटनेस का भी मौके पर ही आकलन किया जा रहा है।
इस पूरी मुहिम के बारे में जानकारी देते हुए उप परिवहन आयुक्त, उत्तराखंड, शैलेश तिवारी ने बताया कि चालक-परिचालकों की सेहत और सड़क पर सफर करने वाले यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से यह एक अति आवश्यक कदम है।
उन्होंने आगे यह भी स्पष्ट किया कि यदि टिहरी जिले में इस पायलट प्रोजेक्ट के सकारात्मक परिणाम सामने आते हैं, तो इस विशेष मॉडल को पूरे उत्तराखंड राज्य में लागू किया जाएगा। परिवहन विभाग के इस सख्त और जनहितैषी कदम से पहाड़ी मार्गों पर होने वाली दुर्घटनाओं में भारी कमी आने की उम्मीद जताई जा रही है।

