सऊदी में फंसे इंद्रमणि की वापसी की मुहिम को मिली सीएम धामी की मदद, किशोर भट्ट की पहल पर 2 लाख की सहायता मंजूर

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उत्तरकाशी। पिछले आठ वर्षों से सऊदी अरब में फंसे उत्तरकाशी के गाजणा पट्टी के गोरसाड़ा गांव निवासी इंद्रमणि नौटियाल की स्वदेश वापसी की मुहिम को अब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ओर से भी आर्थिक सहयोग मिला है। परिवार की गंभीर आर्थिक स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से दो लाख रुपये की सहायता राशि मंजूर की गई है। यह सहायता किशोर भट्ट की पहल के बाद सामने आई है, जिन्होंने परिवार की समस्या को मुख्यमंत्री के समक्ष प्रमुखता से उठाते हुए आर्थिक मदद की मांग की थी। इंद्रमणि नौटियाल पिछले करीब आठ वर्षों से सऊदी अरब में फंसे हुए हैं। उनकी देश वापसी के लिए वहां के कानूनों और संबंधित औपचारिकताओं के अनुपालन में परिवार को दो करोड़ रुपये से अधिक की राशि की आवश्यकता बताई जा रही है। इतनी बड़ी रकम जुटाना परिवार के लिए बेहद मुश्किल है। इंद्रमणि के लंबे समय से विदेश में फंसे होने के कारण परिवार के सामने आर्थिक संकट और रोजी-रोटी का सवाल भी खड़ा हो गया है।इसी समस्या को लेकर किशोर भट्ट ने बीते दिनों इंद्रमणि नौटियाल के परिवार से मुलाकात की थी और उनकी स्थिति को समझते हुए लोगों से आर्थिक सहयोग की अपील की। उनकी अपील के बाद कई लोगों ने परिवार की मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाया। किशोर भट्ट ने सहयोग करने वाले सभी लोगों का आभार जताते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में परिवार को अकेला नहीं छोड़ा जाना चाहिए।

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शनिवार शाम किशोर भट्ट ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर इंद्रमणि नौटियाल के परिवार की आर्थिक स्थिति से अवगत कराया। उन्होंने मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के संबंध में पत्र सौंपा। मुख्यमंत्री ने परिवार की परिस्थितियों को देखते हुए दो लाख रुपये की सहायता राशि स्वीकृत कर दी।

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किशोर भट्ट ने मुख्यमंत्री धामी का आभार जताते हुए कहा कि संकट में फंसे परिवार की मदद के लिए मुख्यमंत्री की ओर से उठाया गया यह कदम राहत देने वाला है। उन्होंने कहा कि वह उत्तरकाशी लौटने के बाद अपने स्तर से भी परिवार को कुछ और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास करेंगे।

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उन्होंने कहा कि इंद्रमणि नौटियाल की सुरक्षित स्वदेश वापसी केवल परिवार की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। इस अभियान में समाज के प्रत्येक सक्षम व्यक्ति को आगे आकर सहयोग करना चाहिए। किशोर भट्ट ने समाजसेवी रोशन रतूड़ी का भी आभार जताया, जो लगातार इस अभियान में सहयोग कर रहे हैं और इंद्रमणि की वापसी के प्रयासों का नेतृत्व कर रहे हैं।

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