उत्तराखंड राजनीति: पौड़ी से भाजपा के पूर्व विधायक यशपाल बेनाम ने दिया इस्तीफा

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पौड़ी गढ़वाल। उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले में भारतीय जनता पार्टी को एक बड़ा सियासी झटका लगा है। पूर्व विधायक और पूर्व पालिकाध्यक्ष यशपाल बेनाम ने रविवार को पौड़ी में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देने का आधिकारिक ऐलान कर दिया। उनके इस फैसले से प्रदेश के राजनीतिक गलियारों और भाजपा संगठन के भीतर हलचल तेज हो गई है।

पिछले आठ सालों से भाजपा में सक्रिय भूमिका निभा रहे यशपाल बेनाम ने प्रेस वार्ता में अपने इस्तीफे की घोषणा की। उन्होंने अपने इस कदम को व्यक्तिगत निर्णय बताया है और फिलहाल अपने अगले राजनीतिक कदम का खुलासा नहीं किया है। हालांकि, उनके अलग होने से पौड़ी में स्थानीय समीकरणों पर गहरा असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।

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पौड़ी की राजनीति में यशपाल बेनाम का दबदबा काफी पुराना है। वे तीन बार पौड़ी नगर पालिका के अध्यक्ष रह चुके हैं। वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने पौड़ी सीट से निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में उतरकर तत्कालीन शिक्षा मंत्री नरेंद्र सिंह भंडारी और भाजपा के वरिष्ठ नेता तीरथ सिंह रावत को हराकर इतिहास रचा था। इसके बाद वे 2018 में भाजपा में शामिल हुए और पालिकाध्यक्ष का चुनाव जीते थे।

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रविवार को इस्तीफा देने के दौरान बेनाम भावुक दिखे और उन्होंने अपनी एक कविता भी पढ़ी। उन्होंने कहा कि आठ वर्षों तक उन्होंने पार्टी के हर आदेश का पूरी निष्ठा से पालन किया। लेकिन पिछले कुछ समय से उन्हें यह महसूस हो रहा था कि संगठन में उनकी क्षमताओं का सही इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है, जिसके चलते उन्होंने पार्टी से अलग होने का मन बनाया।

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यशपाल बेनाम के इस कदम के बाद अब पौड़ी की राजनीति में नए कयास लगाए जाने लगे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे जल्द ही अपने समर्थकों के साथ चर्चा करके अपने अगले राजनीतिक कदम का ऐलान करेंगे।