देहरादून। उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय के बहुचर्चित पेपर लीक मामले में विश्वविद्यालय प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए परीक्षा नियंत्रक वीके पटेल को पद से हटा दिया है। परीक्षा व्यवस्था में जवाबदेही तय करते हुए प्रशासन ने दीपक कुमार को नया परीक्षा नियंत्रक नियुक्त किया है। इसके साथ ही पेपर लीक के मुख्य आरोपी सहायक प्रोफेसर डॉ. आशीष के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए उन पर आजीवन शिक्षण कार्य करने का प्रतिबंध लगा दिया गया है।
यह पूरा मामला बीटेक पाठ्यक्रम के दो प्रमुख विषयों ‘मशीन लर्निंग’ और ‘इलेक्ट्रोमैग्नेटिक थ्योरी’ के प्रश्नपत्र लीक होने से जुड़ा हुआ है। आरोप है कि शनिवार को परीक्षा आयोजित होने से पहले ही ये प्रश्नपत्र छात्रों तक पहुंचा दिए गए थे। मामले का पर्दाफाश होते ही यूटीयू प्रशासन ने त्वरित कदम उठाते हुए इन दोनों विषयों की परीक्षाओं को निरस्त कर दिया था, जिन्हें अब दोबारा कराया जाएगा।
पेपर लीक की इस घटना ने प्रदेश की तकनीकी शिक्षा व्यवस्था की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना के बाद से ही बीटेक के छात्रों और अभिभावकों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा था। इसी दबाव और परीक्षा प्रणाली की साख बचाने के उद्देश्य से विश्वविद्यालय प्रशासन को यह कड़ा अनुशासनात्मक कदम उठाना पड़ा है।
मामले पर अपना पक्ष रखते हुए यूटीयू प्रशासन ने कहा कि विश्वविद्यालय की परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और विश्वसनीयता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए परीक्षा सुरक्षा तंत्र को और अधिक मजबूत तथा अभेद्य बनाया जाएगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद अब हजारों प्रभावित छात्रों की नजरें दोबारा होने वाली परीक्षाओं के नए शेड्यूल पर टिकी हैं। नए परीक्षा नियंत्रक दीपक कुमार द्वारा प्रभार संभालने के बाद जल्द ही निरस्त हुई बीटेक परीक्षाओं की नई तिथियां जारी किए जाने की संभावना है।

