ऋषिकेश नगर निगम की बोर्ड बैठक में ₹89 करोड़ का बजट पास, शहर का होगा कायाकल्प

ख़बर शेयर करें

ऋषिकेश नगर निगम की बोर्ड बैठक में शहर के विकास के लिए ₹89 करोड़ के सालाना बजट को सर्वसम्मति से मंजूरी दे दी गई है। मेयर शंभू पासवान की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में शहर की बुनियादी सुविधाओं को सुधारने और आधुनिक बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। इस बजट का मुख्य उद्देश्य ऋषिकेश को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और सुंदर बनाना है, जिसके तहत 100 से भी अधिक विकास कार्यों पर काम शुरू किया जाएगा।

यह भी पढ़ें -  AIIMS ऋषिकेश की बड़ी लापरवाही: मरीज को दर्ज किया 'HIV पॉजिटिव', अब ब्याज समेत चुकाना होगा मुआवजा

बुनियादी सुविधाओं का विकास और सौंदर्यीकरण

बजट का एक बड़ा हिस्सा सड़कों और नालियों की मरम्मत व नए निर्माण पर खर्च किया जाएगा। शहर की मुख्य सड़कों के साथ-साथ आंतरिक गलियों में ‘सीसी रोड’ बनाने का प्रस्ताव पास हुआ है। इसके अलावा, शहर की सुंदरता बिगाड़ने वाले और खतरनाक तरीके से लटके टीवी व इंटरनेट के तारों को अब जमीन के अंदर (underground cabling) किया जाएगा। इससे न केवल शहर साफ-सुथरा दिखेगा, बल्कि हादसों का खतरा भी कम होगा।

यह भी पढ़ें -  Nainital: माल रोड में दरारें और धंसती पहाड़ियां! आबादी और गाड़ियों के बोझ से चरमराई सरोवर नगरी

राजस्व और व्यवस्था में सुधार

नगर निगम ने अपनी आय बढ़ाने और यातायात को सुचारू बनाने के लिए एक नया ‘अंबार शुल्क’ (loading-unloading fee) लगाने का निर्णय लिया है। यह शुल्क उन भारी वाहनों से वसूला जाएगा जो शहर की सड़कों पर सामान की लोडिंग या अनलोडिंग करते हैं। इसके साथ ही, वेंडिंग कार्ड आवंटन में हो रही शिकायतों को देखते हुए एक जांच समिति का गठन किया गया है, जो किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर सख्त कार्रवाई करेगी।

यह भी पढ़ें -  Dehradun: प्रमुख कॉलेजों में हजारों सीटें खाली; समर्थ पोर्टल पर दोबारा रजिस्ट्रेशन शुरू

स्वास्थ्य और पशु कल्याण

शहर में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या और उनसे होने वाले खतरों को देखते हुए नगर निगम ने नसबंदी और एंटी-रेबीज टीकाकरण कार्यक्रम को एक साल के लिए और बढ़ा दिया है। इस पहल से स्थानीय निवासियों को कुत्तों के आतंक से राहत मिलने और रेबीज जैसी बीमारियों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad