उत्तराखंड में ‘लखपति दीदियों’ की कमाई बढ़ाने के लिए बड़ा फैसला

ख़बर शेयर करें

उत्तराखंड में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और ‘लखपति दीदियों’ की आय में लगातार वृद्धि करने के उद्देश्य से ग्रामीण विकास विभाग के सचिव धीराज गर्ब्याल की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में राज्य की ग्रामीण महिलाओं की आमदनी बढ़ाने के साथ-साथ उनके कौशल को और बेहतर करने के लिए ‘कौशल अंतर अध्ययन’ कराने के कड़े निर्देश दिए गए हैं।

यह भी पढ़ें -  उत्तराखंड को CM धामी की बड़ी सौगात: विकास योजनाओं के लिए ₹105 करोड़ मंजूर

इसके तहत सभी जिलों के CDO को अपने-अपने क्षेत्रों में विकासखंडवार अध्ययन कराकर विस्तृत रिपोर्ट विभाग को सौंपनी होगी, ताकि स्थानीय आवश्यकताओं के आधार पर नए ट्रेनिंग मॉड्यूल और वित्तपोषण पैकेज तैयार किए जा सकें। बैठक के दौरान ग्रामोत्थान परियोजना, मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की प्रगति की गहन समीक्षा की गई, जिसमें महिलाओं की सतत आय वृद्धि और उद्यमिता विकास पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया।

यह भी पढ़ें -  देश का छठा 'पूर्ण साक्षर राज्य' बनेगा उत्तराखंड! केंद्र के कड़े मानकों को पछाड़ हासिल की 98% साक्षरता दर

सचिव ने राज्य के समेकित आर्थिक विकास के लिए एक व्यापक कार्ययोजना बनाने पर जोर देते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के तहत जिलों में व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाए जाएं। इसके लिए ग्रामीण स्तर पर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से चौपालें आयोजित की जाएंगी और हर विकासखंड व न्याय पंचायत में ‘सूचना, शिक्षा और संचार’ (IEC) वैन के माध्यम से प्रचार किया जाएगा। साथ ही, बैंक सखी और पशु सखी को योजनाओं के विस्तार के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे नए उद्यमी उम्मीदवारों की जानकारी और आवेदन जुटाने में मदद मिलेगी।