श्री आनंदपुर साहिब। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने मंगलवार को श्री आनंदपुर साहिब के जिंदवारी गांव में आयोजित ‘लोक मिलनी’ कार्यक्रम में राज्य के किसानों के लिए एक बड़ी सफलता की घोषणा की। उन्होंने बताया कि उनकी सरकार के सत्ता में आने से पहले राज्य में नहरी सिंचाई का दायरा केवल 22 प्रतिशत खेतों तक सीमित था, जो अब बढ़कर 80 प्रतिशत हो गया है। मुख्यमंत्री ने 100 प्रतिशत खेतों तक नहरी पानी पहुंचाने का नया लक्ष्य निर्धारित किया है।
जिंदवारी गांव में जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि राज्य सरकार ने दूर-दराज के खेतों तक पानी पहुंचाने के लिए 14,000 किलोमीटर का विशाल नहर-जल पाइपलाइन नेटवर्क सफलता पूर्वक तैयार किया है। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य ग्राउंडवॉटर पर निर्भरता घटाना और हर किसान तक मुफ्त व पर्याप्त पानी की पहुंच सुनिश्चित करना है।
राज्य की जनकल्याणकारी योजनाओं का ब्योरा देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि 90 प्रतिशत से अधिक परिवारों को मुफ्त बिजली का लाभ मिल रहा है। इसके साथ ही उन्होंने ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत प्रति परिवार 10 लाख रुपये तक के नकद उपचार और ‘मावन धीयन सत्कार योजना’ के तहत महिलाओं को 1,000 रुपये व अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1,500 रुपये की आर्थिक सहायता देने का उल्लेख किया।
रोजगार और युवाओं के विकास पर बात करते हुए सीएम मान ने दावा किया कि पारदर्शी व्यवस्था के जरिए 70,000 से अधिक युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां दी गई हैं। इसके अलावा युवाओं को नशीले पदार्थों से दूर रखने के लिए राज्य भर में 45,000 किलोमीटर सड़कों का नवीनीकरण किया जा रहा है और 3,100 नए खेल स्टेडियमों का निर्माण जारी है।
राजनीतिक मोर्चे पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कांग्रेस, भाजपा और अकाली दल पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों ने भाखरा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (BBMB), एसवाईएल (SYL) नहर, ग्रामीण विकास कोष और पंजाब विश्वविद्यालय से जुड़े संवेदनशील मुद्दों को हमेशा गलत तरीके से संभाला। उन्होंने जनता से राज्य के अधिकारों की रक्षा के लिए इन राजनीतिक दलों से दूर रहने की अपील की।
कार्यक्रम के अंत में जमीनी स्तर पर ग्रामीण विकास को गति देने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने क्षेत्र की छह प्रमुख ग्राम पंचायतों को विकास कार्यों के संचालन हेतु 20-20 लाख रुपये के वित्तीय चेक भी प्रदान किए।

