कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के कालागढ़ टाइगर रिजर्व वन प्रभाग के अंतर्गत आने वाले प्रसिद्ध सोनानदी और पाखरो जोन समेत सभी प्रवेश द्वारों को मानसून सत्र के लिए बंद कर दिया गया है। हर साल मानसून के दौरान 15 जून से 14 नवंबर तक इन द्वारों को बंद रखने का मुख्य कारण भारी बरसात से जंगल के ट्रैकों और रास्तों का क्षतिग्रस्त होना है, जिन्हें बारिश थमने के बाद ही दुरुस्त किया जाता है।
कॉर्बेट टाइगर रिजर्व की एसीएफ अनामिका बुक्करवाल के अनुसार, इन क्षेत्रों के बंद होने के साथ ही ऑनलाइन बुकिंग भी बंद कर दी गई है और अब ये पर्यटन जोन आगामी 15 नवंबर को पर्यटकों के लिए दोबारा खोले जाएंगे। सीटीआर के कोटद्वार गेट से सोनानदी वन्यजीव विहार और पाखरो जोन के लिए पर्यटन गतिविधियां संचालित होती हैं, जहां अप्रैल 2025 से लेकर अब तक 178 विदेशी मेहमानों समेत कुल 19,044 पर्यटकों ने वन्यजीवों का दीदार किया है।
हालांकि मानसून के दौरान ढीकाला, बिजरानी और गर्जिया जैसे प्रमुख जोन बंद रहते हैं, लेकिन पर्यटकों के लिए ढेला और झिरना जोन खुले रहेंगे। इसके अलावा, पर्यटकों के बीच बेहद लोकप्रिय तराई का फाटो जोन, जो आमतौर पर साल भर खुला रहता है, उसे भी इस वर्ष सड़कों के क्षतिग्रस्त होने के कारण 1 जुलाई से बंद करने का निर्णय लिया गया है।

