पश्चिम बंगाल सरकार ने एक बड़ा फैसला लेते हुए राज्य के सभी मदरसों में प्रार्थना सभाओं के दौरान राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ का गायन तत्काल प्रभाव से अनिवार्य कर दिया है। मदरसा शिक्षा निदेशालय द्वारा जारी किया गया यह नया आदेश राज्य सरकार के उस फैसले के ठीक एक सप्ताह बाद आया है, जिसमें सभी सामान्य स्कूलों में राष्ट्रीय गीत गाना अनिवार्य किया गया था।
सरकार के इस कदम के बाद अब राज्य के सभी मान्यता प्राप्त और सहायता प्राप्त धार्मिक शिक्षण संस्थानों में भी इसे लागू करना कानूनी रूप से जरूरी हो गया है। हालांकि, इस फैसले के सामने आते ही राज्य में राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं और विपक्षी दलों ने इस नीति को लेकर सरकार पर तीखा निशाना साधना शुरू कर दिया है।
सरकार द्वारा जारी किया गया यह नया निर्देश बेहद व्यापक है और इसके तहत राज्य के मॉडल मदरसों, सरकारी सहायता प्राप्त मदरसों, अनुमोदित शिशु शिक्षा केंद्रों और माध्यमिक शिक्षा केंद्रों को शामिल किया गया है। इसके साथ ही अल्पसंख्यक मामलों के विभाग के अंतर्गत आने वाले और सरकार से मान्यता प्राप्त अन्य सभी मदरसों पर भी यह नियम पूरी तरह लागू होगा। जहाँ एक तरफ इस फैसले को सभी शैक्षणिक संस्थानों में एकरूपता और राष्ट्रीयता की भावना बढ़ाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ विपक्षी दलों ने इसे सरकार का एक राजनीतिक एजेंडा बताते हुए इस पर कड़ा ऐतराज जताया है।

