देहरादून नगर निगम शहर की स्ट्रीट लाइट व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए ‘स्मार्ट रिमोट मॉनिटरिंग और फाल्ट डिटेक्शन’ तकनीक अपनाने जा रहा है। इस नई तकनीक के लागू होने से अब स्ट्रीट लाइट खराब होने पर जनता को शिकायत करने की जरूरत नहीं पड़ेगी, बल्कि सिस्टम खुद ही नगर निगम को तत्काल अलर्ट भेज देगा। इसके अलावा, निगम अब रिमोट के जरिए इन लाइटों को कहीं से भी बंद करने या उनकी रोशनी को कम-ज्यादा करने में सक्षम होगा, जिससे बिजली की बचत के साथ-साथ बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित होगा।
बिजली बिल में होगी लाखों की बचत
वर्तमान में शहर की स्ट्रीट लाइटों का मासिक बिल लगभग डेढ़ करोड़ रुपये आता है, क्योंकि कई जगहों पर लाइटें दिन भर या बेवजह जलती रहती हैं। नया स्मार्ट सिस्टम लगने से लाइटों का अनावश्यक उपयोग रुकेगा, जिससे नगर निगम को हर महीने करीब 50 लाख रुपये की बचत होने का अनुमान है।
पहले चरण में 250 लाइटों से शुरुआत
इस योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है। पहले चरण में शहर के प्रमुख मार्गों और व्यस्त क्षेत्रों की लगभग 250 स्ट्रीट लाइटों को इस सिस्टम से जोड़ा जाएगा। इसके सफल होने के बाद, शहर के अन्य इलाकों में भी फेजवार तरीके से चिप लगी इन स्मार्ट लाइटों को लगाया जाएगा।
कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से होगी निगरानी
नगर निगम इस पूरी व्यवस्था की निगरानी के लिए एक ‘स्मार्ट कंट्रोल एंड कमांड सेंटर’ बनाएगा। यहाँ से शहर की एक लाख से अधिक स्ट्रीट लाइटों की रियल-टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी। इससे मरम्मत कार्य तत्काल हो सकेगा और फाल्ट का पता लगाने में लगने वाला समय भी बचेगा।

