देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के राजपुर थाना क्षेत्र में धोखाधड़ी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। शातिरों ने एक महिला को अपनी कंपनी में निवेश पर भारी मुनाफे का झांसा देकर योजनाबद्ध तरीके से 20 लाख रुपये हड़प लिए। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर सहस्रधारा स्थित पनाश वैली निवासी डॉ. दीपिका जोशी, उनके पति विवेक जोशी और विनय जोशी के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
महिमा एन्क्लेव निवासी पीड़िता शीला चौहान द्वारा राजपुर थाने में दर्ज कराई गई तहरीर के मुताबिक, ठगी का यह सिलसिला वर्ष 2019 से शुरू हुआ था। पहले तो परिचित डॉ. दीपिका जोशी ने खुद को ‘एलाइट निधि स्पिरिट्स एंड बेवरेजेस प्राइवेट लिमिटेड’ की डायरेक्टर बताकर निवेश मांगा और हर महीने मुनाफा देने का दावा किया वहीं जब पीड़िता के पति ने इस बात से इनकार किया तो दीपिका के पति विवेक जोशी ने खुद को NTPC का कर्मचारी बताकर भरोसा जीता और 20 लाख रुपये ऐंठ लिए।
वहीं रकम मिलने के बाद आरोपियों ने दूरी बना ली। वर्ष 2021 में पीड़िता के गंभीर बीमार होने पर जब इलाज के लिए पैसे मांगे गए, तो कोविड और समयावधि का बहाना बनाकर मार्च व नवंबर 2024 तक मामला टालते रहे। 9 नवंबर 2025 को पीड़िता को घर बुलाकर विवेक जोशी के भाई विनय जोशी ने अभद्र व्यवहार किया और दोबारा आने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। इसके बाद डॉ. दीपिका ने भी फोन पर गाली-गलौज करते हुए झूठे केस में फंसाने की धमकी दे डाली। राजपुर थाना प्रभारी पी.डी. भट्ट ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है और पुलिस सभी पहलुओं पर गहनता से जांच कर रही है।

