हल्द्वानी ‘शुद्धिकरण’ विवाद पर भाजपा-कांग्रेस आमने-सामने, CM आवास घेराव पर भाजपा का पलटवार

ख़बर शेयर करें

देहरादून। उत्तराखंड में हल्द्वानी शुद्धिकरण मामले को लेकर सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी और मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के बीच राजनीतिक संग्राम छिड़ गया है। देहरादून में कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के जवाब में अब भाजपा ने भी पूरे प्रदेश में कांग्रेस के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

देहरादून के परेड ग्राउंड में सोमवार को जहां एक तरफ कांग्रेस ने हल्द्वानी प्रकरण पर प्रदर्शन कर सीएम आवास की ओर कूच किया, वहीं दूसरी तरफ भाजपा ने ‘समरसता और सौहार्द संकल्प धरना’ देकर जोरदार पलटवार किया। भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर राजनीतिक स्वार्थ के लिए समाज में वैमनस्य और विभाजन फैलाने का गंभीर आरोप लगाया।

यह भी पढ़ें -  स्वास्थ्य महानिदेशक का अफसरों को सख्त अल्टीमेटम; फाइलों की लेट-लतीफी पर तय होगी जिम्मेदारी

भाजपा नेताओं ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की पहचान आपसी सौहार्द और समरसता से है, लेकिन कांग्रेस अपने सियासी फायदे के लिए इस सामाजिक ताने-बाने को नुकसान पहुंचा रही है। नेताओं ने स्पष्ट किया कि विपक्षी दल का यह प्रदर्शन राज्य के शांतिपूर्ण माहौल को प्रभावित करने वाला कदम है।

यह भी पढ़ें -  भिगुन गांव में बारिश का कहर, भूस्खलन से मोटर मार्ग बंद, खतरे की जद में आए कई मकान

कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य ने कांग्रेस के प्रदर्शन पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि चुनाव नजदीक आते ही कांग्रेस समाज में भ्रम और तनाव पैदा करने वाले मुद्दों को हवा देने लगती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को सामाजिक समरसता पर बात करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है, क्योंकि उसका इतिहास बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के अपमान से भरा पड़ा है।

यह भी पढ़ें -  Dehradun: अपराधियों पर गरजा धामी सरकार का 'बुलडोजर', गो हत्यारों और ड्रग्स तस्करों के अवैध निर्माण ध्वस्त

रेखा आर्य ने आगे कहा कि केवल वोट बैंक की राजनीति के लिए समाज को बांटना और देवभूमि के भाईचारे को चोट पहुंचाना कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। धरने के माध्यम से भाजपा मंत्रियों और पदाधिकारियों ने प्रदेश की जनता से शांति, सामाजिक सौहार्द और आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad