देहरादून। उत्तराखंड खेल विभाग ने आगामी वर्ष 2027 में मेघालय में प्रस्तावित 39वें राष्ट्रीय खेलों की तैयारियों को लेकर बड़ा फैसला लिया है। विभाग मानक संचालन प्रक्रिया की औपचारिक मंजूरी का इंतजार किए बिना राष्ट्रीय खेलों की शुरुआती तैयारियां तुरंत शुरू करेगा। खेल विभाग के विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा ने स्पष्ट किया है कि एसओपी का प्रस्ताव फिलहाल वित्त विभाग के पास विचाराधीन है, लेकिन इसके कारण तैयारियों को रोका नहीं जाएगा।
अपर निदेशक खेल एवं युवा कल्याण अजय अग्रवाल के अनुसार, एसओपी का प्रस्ताव निदेशालय द्वारा शासन को भेजा जा चुका था, जिस पर वित्त विभाग ने कुछ आपत्तियां जताई थीं। इन आपत्तियों का निवारण कर संशोधित प्रस्ताव पुनः शासन को भेज दिया गया है। वहीं, प्रमुख सचिव वित्त आरके सुधांशू ने कहा कि एसओपी का प्रस्ताव किस स्तर पर लंबित है, इसकी जांच कर जल्द से जल्द मामले का निस्तारण किया जाएगा।
राष्ट्रीय खेलों की समय सीमा को देखते हुए विभाग का मुख्य ध्यान खिलाड़ियों के चयन, कोचिंग कैंप, आधारभूत ढांचे और फिजियोथेरेपिस्ट की व्यवस्था पर रहेगा। यद्यपि फिजियोथेरेपिस्ट की तैनाती को लेकर वित्त विभाग की ओर से आपत्ति दर्ज कराई गई है, लेकिन खेल विभाग का प्रयास है कि आयोजन और प्रशिक्षण से जुड़ी व्यवस्थाएं समय रहते पूरी कर ली जाएं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य के खेल परिदृश्य पर बात करते हुए कहा कि उत्तराखंड का लक्ष्य 2027 के राष्ट्रीय खेलों के साथ-साथ 2036 के ओलंपिक खेलों पर टिका है। उन्होंने बताया कि खिलाड़ियों को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय मंच पर पदक विजेता बनाने के लिए सरकार एक ठोस एक्शन प्लान के तहत काम कर रही है। स्कूली निबंध प्रतियोगिताओं में युवाओं की भारी भागीदारी यह दर्शाती है कि राज्य का खेल भविष्य सुरक्षित दिशा में आगे बढ़ रहा है।

