नैनीताल। नैनीताल जिले के रामनगर स्थित ‘एक्रोन रिजॉर्ट’ में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट, एसओजी और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर बड़े पैमाने पर चल रहे सेक्स रैकेट और अवैध रेव पार्टी का भंडाफोड़ किया है। शुक्रवार देर रात मुखबिर की पुख्ता सूचना पर की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने एक नाबालिग किशोरी समेत 10 महिलाओं और 52 पुरुषों सहित कुल 62 लोगों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
इस हाई-प्रोफाइल छापेमारी के दौरान रिजॉर्ट का महाप्रबंधक लखेंद्र चौधरी पुलिस को चकमा देकर मौके से भागने में कामयाब रहा, जिसकी तलाश में दबिश दी जा रही है। पुलिस ने नियमों के घोर उल्लंघन और अनैतिक गतिविधियों के संचालन के आरोप में एक्रोन रिजॉर्ट को तत्काल प्रभाव से पूरी तरह सील कर दिया है।
2 लाख 20 हजार में बुक हुआ था रिजॉर्ट, प्रति युवती दिए 10 हजार
पुलिस की कड़ाई से की गई पूछताछ में मुख्य आरोपी उपेन्द्र कुमार (निवासी मेरठ) ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उपेन्द्र के अनुसार, वह कृषि उपकरण बनाने वाली एक कंपनी का मालिक है। उसने अपने से जुड़े लोगों के मनोरंजन के लिए इस अवैध रेव पार्टी का आयोजन किया था।
इस पार्टी के लिए 4 और 5 जुलाई के लिए कुल 2 लाख 20 हजार रुपये की भारी-भरकम रकम में पूरा रिजॉर्ट बुक किया गया था। युवतियों को लाने की जिम्मेदारी कंपनी के कर्मचारी राहुल गुप्ता उर्फ सन्नी को सौंपी गई थी। इस पार्टी के लिए बुलाई गई प्रत्येक युवती को प्रति युवती 10 हजार रुपये का भुगतान किया गया था।
नोट उड़ाने के साथ चल रही थीं अश्लील हरकतें
शुक्रवार देर रात जब पुलिस टीम ने रिजॉर्ट के भीतर छापा मारा, तो वहां का नजारा बेहद आपत्तिजनक था। दिल्ली और उत्तर प्रदेश से आए 52 पुरुष बिना किसी वैध प्रशासनिक अनुमति के तेज संगीत के बीच अवैध रूप से शराब पार्टी कर रहे थे।
इस दौरान वहां मौजूद महिलाओं के साथ सरेआम अश्लील हरकतें की जा रही थीं और उन पर नोट उड़ाए जा रहे थे। इन महिलाओं के बीच एक नाबालिग किशोरी भी शामिल थी, जिसे पुलिस ने अपनी कस्टडी में लेकर संरक्षण में भेज दिया है।
इन गंभीर धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लेते हुए फरार जीएम समेत सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ा कानूनी शिकंजा कसा है। सभी के खिलाफ BNS की धारा 143,देह व्यापार निवारण अधिनियम की धारा 3, 5 व 6, पॉक्सो अधिनियम की धारा 14 और आबकारी अधिनियम और किशोर न्याय अधिनियम की धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।
रजिस्टर में एंट्री न होना पड़ा भारी, रिजॉर्ट सील
पुलिस ने जब जांच आगे बढ़ाई तो रिजॉर्ट प्रबंधन की सबसे बड़ी लापरवाही सामने आई। रेड के दौरान रिजॉर्ट के एंट्री रजिस्टर की जांच करने पर पता चला कि स्टाफ ने किसी भी बाहरी व्यक्ति या युवती की एंट्री रजिस्टर में दर्ज ही नहीं की थी। सुरक्षा मानकों के इस गंभीर उल्लंघन और अवैध धंधे को छुपाने की साजिश के तहत पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए रिजॉर्ट को सील करने का बड़ा कदम उठाया।

