देहरादून। उत्तराखंड की खेल मंत्री रेखा आर्या ने कांवड़ यात्रा 2026 के पावन अवसर पर हरिद्वार की हरकी पैड़ी से जल भरकर 22 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा शुरू की है। इस वर्ष उन्होंने दो प्रमुख राष्ट्रीय संकल्पों के साथ यह यात्रा प्रारंभ की है। उनका पहला संकल्प भारत को 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी मिलना और दूसरा देश को विश्व की खेल महाशक्ति के रूप में स्थापित करना है।
हरकी पैड़ी के पवित्र ब्रह्मकुंड पर गंगा पूजन और आरती के बाद खेल मंत्री अपने पति के साथ ऋषिकेश स्थित वीरभद्र मंदिर के लिए पैदल ही प्रस्थान कर गईं। इस दौरान अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज और महामंत्री श्रीमहंत हरि गिरी महाराज समेत कई वरिष्ठ संतों ने उन्हें आशीर्वाद दिया।
यात्रा के दौरान कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि सनातन आस्था और राष्ट्र सेवा का संगम ही इस कांवड़ यात्रा की प्रेरणा है। उन्होंने विश्वास जताया कि भगवान शिव के आशीर्वाद से भारत को वर्ष 2036 में ओलंपिक की मेजबानी अवश्य मिलेगी और देश खेल के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करेगा।
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज ने मंत्री के इस प्रयास की सराहना की। उन्होंने कहा कि खेलों के माध्यम से देश का गौरव बढ़ाना भी राष्ट्रसेवा का ही एक रूप है। उन्होंने कहा कि यह यात्रा युवाओं को खेलों और अपनी संस्कृति के प्रति प्रेरित करने का बेहतरीन संदेश है।
गौरतलब है कि मंत्री रेखा आर्या ने बीते वर्ष भी हरकी पैड़ी से ऋषिकेश तक पैदल कांवड़ यात्रा की थी। उस समय उन्होंने ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ का सामाजिक संकल्प लिया था। इस बार भी वह 22 किलोमीटर पैदल चलकर ऋषिकेश के वीरभद्र मंदिर में भगवान आशुतोष का जलाभिषेक करेंगी।

