भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने सांसदों-विधायकों को दिया एकजुटता का मंत्र, कहा-‘खामियों से बनाएं दूरी’

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देहरादून के राजपुर रोड स्थित एक होटल में आयोजित महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक के दौरान भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने पार्टी के सांसदों, विधायकों और पदाधिकारियों को दो-टूक शब्दों में कमियों से दूरी बनाने और पूरी एकजुटता के साथ धरातल पर काम करने का सख्त संदेश दिया है।

अपने उत्तराखंड दौरे के दूसरे दिन वे विधानसभा सीटों और बूथों की पूरी जमीनी हकीकत व पुख्ता रिपोर्ट लेकर पहुंचे थे, जहाँ उन्होंने गलत आंकड़े पेश करने पर एक पदाधिकारी को तुरंत टोकते हुए साफ किया कि काम 100 नहीं बल्कि केवल 83 बूथों पर हुआ है।

बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछले चुनाव में हारी हुई 23 विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज कराने का पूरा दारोमदार लोकसभा व राज्यसभा सांसदों का होगा, जिसके लिए संगठन पूर्णकालिक कार्यकर्ता भी तैनात करेगा। अनुशासन पर विशेष बल देते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ने नेताओं को हिदायत दी कि घर की बात कमरे के भीतर रहनी चाहिए और इसे सोशल मीडिया पर बिल्कुल नहीं लाया जाना चाहिए।

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जबकि इसी दौरान गदरपुर विधायक अरविंद पांडेय द्वारा भू-माफिया के टैग को लेकर अपनी पीड़ा बयां करने पर राष्ट्रीय महासचिव बीएल संतोष ने उनकी मांग पर सीबीआई जांच की बात कहकर मामले को शांत कराया; इसके बाद व्यस्त बैठकों के अंत में नितिन नवीन ने ऋषिकेश पहुंचकर मुख्यमंत्री और संत समाज की मौजूदगी में पवित्र गंगा आरती में भाग लिया।

हैट्रिक के लिए चुनावी मोड में आएं विधायक

भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने सभी जनप्रतिनिधियों को पूरी तरह से एक्शन और चुनावी मोड में काम करने के कड़े निर्देश दिए हैं। उन्होंने आगामी विधानसभा चुनाव में जीत का सिलसिला बरकरार रखने और कम मार्जिन वाली सीटों पर दोगुनी मेहनत करने का मंत्र देते हुए कहा कि हर विधायक को अपनी विधानसभा के भीतर कम से कम 100 प्रभावशाली बुद्धिजीवियों, पूर्व सैनिकों और शिक्षकों की सूची बनाकर उनसे सीधा संपर्क साधना चाहिए।

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इसके साथ ही, पिछले 10 वर्षों में विधानसभा क्षेत्रों में हुए विकास कार्यों का पम्पलेट या पुस्तिका छपवाकर उसे जनता के बीच बांटने, कमजोर पकड़ वाले समुदायों तक पहुंचने और सरकार व संगठन के बीच समन्वय बनाकर दूसरी पार्टियों के नाराज कार्यकर्ताओं को भाजपा में शामिल कराने की जिम्मेदारी भी तय की गई है।

बैठक में यह भी साफ किया गया कि ‘छोटी सरकारें’ यानी नगर निकाय, जिला पंचायत और ब्लॉक प्रमुख आगामी चुनाव में तीसरी जीत की राह तय करने में बड़ी भूमिका निभाएंगे, इसलिए हर स्तर पर भाजपा की नीतियों को गांव-गांव तक पहुंचाना होगा। इस चुनावी रणनीति के तहत बूथ स्तर को मजबूत करने के लिए ‘एसआईआर’ को पूरी गंभीरता से लेने और मतदाता सूची के शुद्धिकरण अभियान में जुटने की हिदायत दी गई है, ताकि फर्जी मतदाताओं को हटाकर वास्तविक वोटर्स तक सीधी पहुंच बनाई जा सके।

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इसके अलावा संगठन को और मजबूत करने के लिए पदाधिकारियों को उन बूथों पर ध्यान केंद्रित करने को कहा गया है जहां अब तक बूथ टोली का गठन नहीं हुआ है, और साथ ही विधायकों को चुनाव से पहले जनता से किए गए सभी पुराने वादों और अधूरी विकास परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर धरातल पर उतारने तथा समय से पूरा करने का निर्देश दिया गया है ताकि जनता के बीच सरकार की विकासवादी छवि और मजबूत बनी रहे।