Uttarakhand Weather: देश में 17% बची बारिश की कमी, 29 जुलाई तक भारी बारिश का अलर्ट

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नई दिल्ली। देश में मानसून की सक्रियता अचानक बढ़ने से बारिश की स्थिति में बड़ा सुधार दर्ज किया गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 16 से 22 जुलाई के बीच हुई अच्छी बारिश से दक्षिण-पश्चिम मानसून में कुल वर्षा की कमी घटकर अब मात्र 17 प्रतिशत रह गई है।

1 जून से 23 जुलाई तक देश में सामान्य 370.9 मिलीमीटर के मुकाबले 306.9 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इस मौसमी बदलाव का सीधा असर कृषि, फसलों और राज्यों में बाढ़ की स्थिति पर देखने को मिल रहा है।

जानिए किस क्षेत्र में कैसी है बारिश की स्थिति

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में स्थिति में तेजी से सुधार हुआ है।

  • उत्तर-पश्चिम भारत: बारिश की कमी घटकर केवल 10% रह गई है।
  • मध्य भारत: सामान्य से महज 6% कम बारिश दर्ज हुई है।
  • दक्षिण भारत: सामान्य से 26% कम वर्षा रिकॉर्ड की गई है।
  • पूर्व और पूर्वोत्तर भारत: सामान्य से 32% कम बारिश हुई है, जो सबसे चिंताजनक है।
  • राज्यों का हाल: लद्दाख और जम्मू-कश्मीर में सामान्य से अधिक बारिश हुई है, जबकि पंजाब, हरियाणा, गुजरात, गोवा, बिहार, झारखंड और पूर्वोत्तर राज्यों में 20 से 58 प्रतिशत तक की कमी दर्ज की गई है।
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अल नीनो का खतरा बरकरार, 24 से 29 जुलाई तक भारी बारिश का अलर्ट

मौसम वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि प्रशांत महासागर में ‘अल नीनो’ लगातार मजबूत हो रहा है, जो मानसून के बाकी सीजन के लिए चिंता का विषय है। अल नीनो भारतीय मानसून को कमजोर करने और बारिश के क्षेत्रीय संतुलन को बिगाड़ने के लिए जाना जाता है।

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हालांकि, 24 से 29 जुलाई के दौरान कई मौसम प्रणालियों के एक साथ सक्रिय होने से पश्चिम भारत, दक्षिण-पूर्व राजस्थान, गुजरात, उत्तर कोंकण, उत्तर मध्य महाराष्ट्र और पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में भारी से अत्यंत भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

गुजरात में 38 हजार लोग सुरक्षित निकाले गए, असम में 61 की मौत

बारिश के कारण देश के कई हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात हैं:

  • गुजरात: पिछले तीन दिनों से जारी मूसलाधार बारिश से कई इलाके जलमग्न हैं। तटरक्षक बल (Coast Guard) के जवानों ने हेलिकॉप्टर से एयरलिफ्ट कर 352 से अधिक लोगों का रेस्क्यू किया है और 38 हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। राज्य में 5 लोगों की जान जा चुकी है।
  • असम: बाढ़ और बारिश के कारण मृतकों की संख्या बढ़कर 61 हो गई है और 7 लाख से अधिक लोग प्रभावित हैं।
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अमरनाथ और वैष्णो देवी यात्रा का अपडेट

जम्मू-कश्मीर में खराब मौसम के बीच अमरनाथ यात्रा को बालटाल मार्ग से पुनः बहाल कर दिया गया है। हालांकि, भूस्खलन के कारण श्री मचैल माता यात्रा फिलहाल बंद है। वहीं, वैष्णो देवी यात्रा को भी शनिवार से दोबारा शुरू करने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

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