हरिद्वार में मिलावटखोरों पर नकेल: खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी, मोबाइल लैब से हो रही मावे की जांच

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हरिद्वार। आगामी दीपावली पर्व को ध्यान में रखते हुए हरिद्वार जिला प्रशासन और खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरों के खिलाफ बड़ा अभियान छेड़ दिया है। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के सख्त निर्देशों के बाद विभाग की टीमों ने शहर से लेकर देहात तक कई प्रमुख प्रतिष्ठानों और दुकानों पर औचक निरीक्षण व छापेमारी शुरू कर दी है, ताकि बाजारों में बिकने वाली मिठाइयों की शुद्धता सुनिश्चित की जा सके।

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सहायक आयुक्त महिमानंद जोशी के नेतृत्व में गठित विशेष टीमों ने विभिन्न बाजारों की दुकानों का रुख किया है। ये टीमें दुकानों से मावे, पनीर और अन्य दूध उत्पादों के सैंपल लेकर उनकी बारीकी से जांच कर रही हैं। त्योहारी सीजन में मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री रोककर आम जनता के स्वास्थ्य की रक्षा करना इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है।

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खाद्य पदार्थों में मिलावट की तुरंत और मौके पर ही पहचान करने के लिए प्रशासन ने मोबाइल खाद्य प्रयोगशाला को मैदान में उतारा है। यह विशेष वैन अलग-अलग इलाकों में तैनात रहकर ऑन-द-स्पॉट मावे और मिठाइयों के नमूनों की जांच कर रही है, जिससे मिलावट करने वालों के खिलाफ तुरंत सबूत मिल सकें।

प्रशासन की तरफ से सभी मिठाई विक्रेताओं और दुकानदारों को बहुत कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। दुकानदारों को साफ कहा गया है कि काउंटर पर बिकने वाली हर मिठाई और खाद्य सामग्री पर निर्माण तिथि और एक्सपायरी तिथि स्पष्ट रूप से लिखी होनी चाहिए। यदि किसी दुकान पर नियमों का उल्लंघन या मिलावट पाई गई, तो खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।