देहरादून-हल्द्वानी रूट पर बसों से 500 लीटर डीजल चोरी, वीडियो सामने आने के बाद दो चालक बर्खास्त

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देहरादून। उत्तराखंड परिवहन निगम के पर्वतीय डिपो में एक बड़े डीजल चोरी गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। देहरादून से हल्द्वानी रूट पर चलने वाली बसों से सैकड़ों लीटर डीजल चोरी का मामला 28 अक्टूबर को सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए विभाग ने संलिप्त दो चालकों को तत्काल प्रभाव से हटा दिया है और पूरे प्रकरण की जांच के लिए एक कमेटी गठित कर दी है।

सहायक महाप्रबंधक चित्ररेखा ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि दो चालकों को ड्यूटी से हटा दिया गया है और जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी व प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। तकनीकी संवर्ग के वरिष्ठ अधिकारियों की शुरुआती जांच में सामने आया कि मैदानी रूट पर 5 किलोमीटर प्रति लीटर का माइलेज देने वाली बसें पिछले 10 दिनों से महज ढाई से तीन किलोमीटर का ही एवरेज दे रही थीं। रिकॉर्ड में ईंधन की अत्यधिक खपत देखकर जब अधिकारियों ने गहनता से पड़ताल की, तो चोरी की पूरी साजिश बेनकाब हो गई।

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इस पूरे फर्जीवाड़े का खुलासा एक बस के कंडक्टर द्वारा बनाए गए वीडियो से हुआ, जिसमें चालक को डीजल चोरी करते हुए रंगे हाथों कैद किया गया था। शुरुआती जांच के मुताबिक, दोनों बसों से रोजाना 20 से 25 लीटर डीजल चुराया जा रहा था। इस तरह अब तक 500 लीटर से अधिक डीजल चोरी किए जाने की पुष्टि हो चुकी है।

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अधिकारियों को अंदेशा है कि इसी रूट की कुछ अन्य बसों और पर्वतीय मार्गों पर चलने वाली गाड़ियों से भी इसी तर्ज पर डीजल उड़ाया जा रहा है। गौरतलब है कि इससे पूर्व दिसंबर 2025 में भी हरिद्वार इलाके में रोडवेज बस से डीजल चोरी का वीडियो वायरल हुआ था। इसके अलावा पर्वतीय डिपो में प्रशासनिक लापरवाही का एक और गंभीर मामला उजागर हुआ है, जहां फिटनेस न होने के कारण एक ही बस का महज दो महीने में 44 बार में 4.10 लाख रुपये का चालान कटा है। इस मामले में निगम मुख्यालय ने संबंधित अधिकारियों से सात दिनों के भीतर जवाब तलब किया है।