केंद्र सरकार ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) के वर्तमान निदेशक प्रवीण सूद के कार्यकाल को एक वर्ष के लिए और बढ़ा दिया है। कार्मिक मंत्रालय द्वारा बुधवार को जारी किए गए आधिकारिक आदेश के अनुसार, प्रवीण सूद अब अगले एक साल तक अपने पद पर बने रहेंगे। गौरतलब है कि यह सूद के कार्यकाल में किया गया दूसरा विस्तार है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाली चयन समिति ने मंगलवार को हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में इस विस्तार का निर्णय लिया। यह निर्णय सीबीआई के नेतृत्व में निरंतरता बनाए रखने के सरकार के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
चयन समिति की बैठक और प्रक्रिया पर असहमति
निदेशक के कार्यकाल विस्तार का निर्णय लेने के लिए आयोजित इस उच्च स्तरीय बैठक में प्रधानमंत्री के साथ मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी भी शामिल थे। हालांकि, कार्यकाल बढ़ाने के इस फैसले पर पूरी सहमति नहीं बन पाई।
बैठक के बाद नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने चयन की इस पूरी प्रक्रिया पर अपनी असहमति जताई। यह स्पष्ट करता है कि कार्यकाल विस्तार का यह आदेश राजनीतिक चर्चाओं के बीच जारी किया गया है, जबकि समिति के अन्य सदस्यों ने प्रक्रिया की कानूनी और प्रशासनिक आवश्यकताओं पर विचार किया था।

