देहरादून: उत्तराखंड सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का फायदा सीधे आम लोगों तक पहुंचाने के लिए राज्य में आगामी 4 जुलाई से ‘सेवा सप्ताह’ का आयोजन किया जा रहा है। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने सोमवार को देहरादून में इस बड़े अभियान को लेकर सभी जरूरी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। 10 जुलाई तक चलने वाले इस विशेष अभियान का सीधा असर प्रदेश की जनता पर पड़ेगा।
यह अभियान पिछले साल दिसंबर में चलाए गए ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम का ही अगला चरण है। सरकार ने इस बार हर जिले में मुख्य विकास अधिकारी को नोडल अफसर बनाया है, ताकि जमीन पर काम तेजी से हो सके।
मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने स्पष्ट किया है कि इसका असली उद्देश्य राज्य सरकार के विकास कार्यों और योजनाओं की जानकारी हर नागरिक तक पहुंचाना है। इसके साथ ही, जिन पात्र लोगों को अब तक सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पाया है, उन्हें इस अभियान के जरिए सीधे लाभ दिलाने की कोशिश की जाएगी।
सरकार ने 4 जुलाई से 10 जुलाई तक के लिए तारीखवार कार्यक्रम तय कर दिए हैं। इस सेवा सप्ताह के दौरान उत्तराखंड के सभी जिलों में विशेष स्वास्थ्य शिविर भी लगाए जाएंगे। इन कैंपों में दिव्यांगों के लिए प्रमाण पत्र और कृत्रिम अंग वितरण के कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
उत्तराखंड में नया रिकॉर्ड बनाएंगे मुख्यमंत्री धामी
इस सेवा सप्ताह की शुरुआत के साथ ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी 4 जुलाई को एक नया राजनीतिक कीर्तिमान स्थापित करने जा रहे हैं। धामी उत्तराखंड के इतिहास में सबसे लंबे निरंतर कार्यकाल वाले मुख्यमंत्री बन जाएंगे।
पुष्कर सिंह धामी ने 4 जुलाई 2021 को पहली बार उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पद की कमान संभाली थी। इसके बाद साल 2022 के विधानसभा चुनाव में भाजपा की प्रचंड जीत के बाद केंद्रीय नेतृत्व ने दोबारा धामी को ही राज्य की बागडोर सौंपी थी।
चार जुलाई को सीएम धामी मुख्यमंत्री के रूप में अपने पांच साल का सफल कार्यकाल पूरा कर आगे का सफर शुरू करेंगे। इससे पहले उत्तराखंड के इतिहास में केवल नारायण दत्त तिवारी ही ऐसे मुख्यमंत्री रहे हैं, जिन्होंने राज्य में पूरे पांच साल का कार्यकाल पूरा किया था। अब धामी यह उपलब्धि हासिल करने वाले दूसरे मुख्यमंत्री बन जाएंगे।
यूं होंगे 7 दिनों तक कार्यक्रम:
उत्तराखंड सरकार ने सेवा सप्ताह 2026 के लिए सभी 7 दिनों का एजेंडा पूरी तरह साफ कर दिया है:
- पहला दिन (4 जुलाई): युवाओं के लिए रोजगार, स्वरोजगार और कौशल विकास से जुड़े विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
- दूसरा दिन (5 जुलाई): धामी सरकार द्वारा राज्य में पहली बार शुरू की गई नई और अनूठी योजनाओं की जानकारी जनता को दी जाएगी।
- तीसरा दिन (6 जुलाई): प्रदेश में रेल, रोड, रोपवे और ‘उड़ान योजना’ को लेकर हुए विकास कार्यों की प्रगति रिपोर्ट सामने रखी जाएगी।
- चौथा दिन (7 जुलाई): राज्य के औद्योगिक विकास को रफ्तार देने के लिए उद्योग और MSME सेक्टर पर केंद्रित कार्यक्रम होंगे।
- पांचवां दिन (8 जुलाई): गांवों और किसानों से जुड़े कृषि, उद्यान (बागवानी) और पशुपालन क्षेत्र के लिए विशेष दिन तय किया गया है।
- छठा दिन (9 जुलाई): यह दिन पूरी तरह महिला सशक्तिकरण, युवाओं के उत्थान और सैनिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं को समर्पित रहेगा।
- सातवां दिन (10 जुलाई): सेवा सप्ताह के आखिरी दिन स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में सरकार द्वारा किए गए बड़े कार्यों की जानकारी साझा की जाएगी।

