आने वाले वक्त में मेडिकल काउसिंल में आसानी से पंजीकरण कराना है तो, जितनी जल्दी हो सकता है उतना जल्द, आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन में अपनी पंजीकरण करवा लें। क्योंकि मेडिकल सेवा से जुड़े रहने के लिए अब ABDM में पंजीकरण करवाना अनियवार्य है। इसके बिना आप न तो इलाज कर सकते हो न किसी को दवा दे सकते हो।
इस बावत उत्तराखंड में मेडिकल काउंसिल और फार्मासिस्ट काउंसिल ने पंजीकरण कराने के निर्देश दे दिए हैं। उत्तराखंड मेडिकल काउंसिल ने साफ कर दिया है कि उत्तराखंड आयुर्विज्ञान परिषद अधिनियम के तहत सभी डॉक्टरो विशेषज्ञ डॉक्टरों और फार्मेसिस्ट को ABDM में पंजीकरण जरूरी है। राज्य में तकरीबन 14 -15 हजार डॉक्टर हैं जिनमें से अब तक 6 हजार चिकित्सक पंजीकरण करा चुके हैं।
जो ABDM पंजीकरण नहीं करा पाएंगे उन्हें अपना परमिट नवीनीकरण में दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है। बहरहाल उत्तराखंड फार्मेसी काउंसिल ने सेना अस्पताल,ITBP,ESI,SDRF,SSB,ONGC,FRI.सर्वे ऑफ इंडिया के साथ सभी फार्मेसी संगठनो को पत्र भेज कर ABDM में स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के रूप में पंजीकरण कराने के निर्देश दिए हैं।

