एक पुराना गीत आपने सुना होगा, ये मुलाकात इक बहाना है, प्यार का सिलसिला पुराना है। बेशक सियासी गलियारे में होने वाली मुलाकातें बहानों की बुनियाद पर हों. लेकिन केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री नितिन गड़करी और हरिद्वार सांसद त्रिवेद्र रावत की हुई मुलाकात में कोई बहाना नहीं थी। इस मुलाकात में जज्बात थे, फिक्र थी और सुझाव भी।
दरअसल देहरादून से हरिद्वार को जोड़ने वाले NH-72 के कायाकल्प से छिद्दरवाला और रेशममाजरी के बाजार पर बड़ा फर्क पड़ेगा। लिहाजा स्थानीय कारोबारी सहमे हुए हैं। तकरीबन 1200 परिवार ऐसे हैं जिनकी रोजीरोटी पर फ्लाईओवर असर डालेगा। लिहाजा हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र रावत ने उन्हीं लोगों की फिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री से मुलाकात की ।
असल बात ये है कि देहरादून जिले के रेशम माजरी और छिद्दरवाला में NH-72 फ्लाइओवर से होकर गुजरेगा। तय है कि फ्लाइओवर बनने के बाद रेशम माजरी और छिद्दरवाला के बाजार की रौनक खत्म हो जाएगी। एक बड़ी आबादी रेशम माजरी और छिद्दरवाला के बाजार को देखे बिना ही फ्लाइओवर से गुजर जाएगी। जिससे दोनो बाजारों के तकरीबन 1200 से ज्यादा दुकानदारों की रोजीरोटी पर बुरा असर पड़ सकता है। ऐसे में हरिद्वार सांसद त्रिवेद्र रावत उन लोगों की फिक्र करते हुए केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री से मुलाकात की और इलाके के व्यापारियों की तकलीफ को साझा किया ताकि जिम्मेदारी के साथ नजरेंइनायत हो सके और कुछ बेहतरीन रास्ता निकल सके।
लिहाजा हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र रावत ने भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात कर छिद्दरवाला और रेशममाजरी में प्रस्तावित फ्लाइओवर को स्तंभ आधारित और कम लंबाई का बनाने की गुजारिश की है। ताकि दोनो स्थानों पर व्यापारियों के हित ज्यादा प्रभावित न हो सकें। बताया जा रहा है कि केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र रावत की बात को गंभीरता से लिया है और सकारात्मक आश्वासन भी दिया है। हालांकि होगा क्या ये तो वक्त ही बतायेगा ..लेकिन सांसद त्रिवेंद्र की ये पहल बड़ी मानी जा रही है, जो स्थानीय व्यापारियों के लिए किसी राहत से कम नहीं। गुड़ मिलेगा या नहीं ये तो बाद की बात है फिलहाल गुड़ जैसी बात तो हुई है। इससे इंकार नहीं किया जा सकता।

