दून में धरा “अल-बर्क ब्रिगेड” का गुर्गा, “पाक” से जुड़े थे तार..

ख़बर शेयर करें

उत्तराखंड पुलिस का आप्रेशन प्रहार लगातार कामयाब हो रहा है। इस ऑप्रेशन के तहत इस बार दून पुलिस की एसटीएफ टीम के हाथ एक संदिग्ध आतंकी के गिरेबान तक पहुंचे हैं। जिसके पास से पुलिस ने एक अवैध पिस्टल 32 बोर और 7 जिंदा कारतूस के साथ एक स्प्रै पेंट की कैन बरामद की है। आरोपी के तार पाकिस्तान के आतंकी संगठन अल बर्क के आतंकी शहजाद भट्टी से जुड़े बताए जा रहे हैं। आरोपी का नाम विक्रांत कश्यप है जो अभी महज 29 साल का है और देहरादून के झाझरा इलाके में रहता है।

देहरादून में प्रेस कांफ्रेस करते हुए एटीएफ आईजी नीलेश आंनद भरणे के बताया कि आरोपी को प्रेमनगर थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है। जिसका मकसद पाकिस्तान में बैठे अपने आका शहजाद भट्टी के नापाक मंसूबों को देहरादून में अंजाम देना था। भट्टी के दिए टास्क को पूरा कर वो जहां देहरादून की वादियों में दहशत मचाना चाहता था वहीं अपने आका शहजाद भट्टी का भरोंसा भी जीतना चाहता था। लेकिन इससे पहले कि वो अपने नापाक मसूबों को अंजाम दे पाता उससे पहले ही दून की चौकस एसटीएफ के हत्थे चढ़ गया।

यह भी पढ़ें -  केदारनाथ हेली शटल सेवा बनी हाईटेक: यूकाडा ने स्थापित की आधुनिक निगरानी व्यवस्था

हालांकि बताया जा रहा है कि आतंकी भट्टी के दिए टास्क को पूरा करते वक्त ही उसे धरा गया । आतंकी टास्क के मुताबिक उसे दून के कई इलाकों में तहरीक-ए-तालीबान- हिंदुस्तान का प्रचार-प्रसार करना था लेकिन खामोश अंधेरी रातों के साथ। ताकि अगली सुबह जो भी दून में दीवारों को देखे, दीवारों पर लिखे TTH को पढ़कर उसकी रूह कांप जाए वो शख्स दहशत में आ जाए।

एसटीएफ की माने तो आरोपी, आईएसआई ऐजेंट और आतंकी शहजाद भट्टी से व्हट्सप के जरिए कमांड हासिल करता था और फिर उस पर अमल करता था। भट्टी ने उसे दून के कई अहम इमारतों की तस्वीर लोकेशन आदि भेजने को कहा था जिसकी एवज में उसे मोटा पैसा मिलना था और कामयाब होने पर दुबई सेटल होने का भरोंसा भी मिला था।

यह भी पढ़ें -  सीएम धामी के हस्तक्षेप के बाद देहरादून में वकीलों की हड़ताल खत्म, काम पर लौटे अधिवक्ता

बताया जा रहा है कि आरोपी ने सेलाकुई इलाके की एक फैक्ट्री की दीवार, अडवानी पुल के पास और झाझरा के मशहूर बाला जी मंदिर के पास स्प्रै पेंट से TTH लिखा था और इसकी वीडियो बनाकर सीमा पार बैठे अपने आका को भेज दिया था। इतना ही नहीं बताया जा रहा है कि गिरफ्तार आरोपी ने झाझरा पुलिस चौकी की लोकेशन और वीडियो भी अपने आका को भेजी थी। इतना ही नहीं पाकिस्तानी हैंडलर ने हिरासत मे लिए आरोपी को दिल्ली में मौजूद एक संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं और सुप्रीम कोर्ट के वकील को हैंडग्रिनेट से निबटाने का टॉरगेट भी दिया था।

बताया जा रहा है आरोपी पंजाब के मशहूर गायक सिद्धू मुसेवाला का फैन था और उसकी हत्या से खफा था और उसकी हत्या का बदला लेना चाहता था। बस इसी बदले की हसरत के चलते वो सोशल मीडिया के जरिए पाक आतंकी शहजाद भट्टी को फॉलो करने लगा और उससे जुड़ता चला गया। व्हटसअप, इस्टांग्राम के जरिए उसे टास्क मिलने लगे और वो भट्टी का सॉफ्ट कॉर्नर बन गया। बताया जा रहा है कि गिरफ्तार संदिग्ध आतंकी साल 2024-25 में पंजाब के नाभा में भी रहा है जहां वो ट्रक की बॉडी बनाने का काम करता था।

यह भी पढ़ें -  खटीमा में CM धामी का भव्य स्वागत: CSD कैंटीन का किया उद्घाटन

बहरहाल गिरफ्तार आरोपी के मोबाइल से एसटीएफ को कई अहम सुराग मिले हैं जिनकी पड़ताल की जा रही है। बहरहाल देहरादून की शांत वादियों से संदिग्ध आतंकी की गिरफ्तारी बेशक ऑप्रेशन प्रहार के तहत बड़ी कामयाबी हो लेकिन जरूरत है और चौकस रहने की ताकि देहरादून की आबोहवा में जुर्म पनाह न ले सके और दूनवासी इत्मिनान से रह सकें। हालांकि पिछले एक अर्से से देहरादून के चौक-चौराहों, गली-बाजारों में धमाचौकड़ी मचाता क्राइम, दून पुलिस का इम्तिहान ले रहा है।

ADVERTISEMENTS